रतलाम में भारत आदिवासी पार्टी का ऐतिहासिक जिला अधिवेशन में विभिन्न मुद्दों पर चर्चा
latestnews--hindi-samachar-ratlamnews-390
रतलाम में भारत आदिवासी पार्टी का ऐतिहासिक जिला अधिवेशन में विभिन्न मुद्दों पर चर्चा
Updste24x.in:-
रतलाम | भारत आदिवासी पार्टी (BAP) का मध्य प्रदेश में पहला जिला अधिवेशन रतलाम स्थित हीरा पैलेस में भव्य एवं ऐतिहासिक रूप से सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। यह अधिवेशन आदिवासी समाज की राजनीतिक चेतना, अधिकारों और स्वाभिमान को नई दिशा देने वाला एक महत्वपूर्ण पड़ाव सिद्ध हुआ।
जल- जंगल - जमीन पर चर्चा :-
इस अधिवेशन का मुख्य उद्देश्य आदिवासी समाज के जल-जंगल-ज़मीन, संवैधानिक अधिकार, स्वशासन तथा सामाजिक-आर्थिक न्याय के मुद्दों पर व्यापक एकजुटता बनाना रहा। साथ ही पार्टी की संगठनात्मक मजबूती, आगामी चुनावी रणनीति तथा जन-आंदोलन की दिशा को लेकर भी महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।
इस ऐतिहासिक अधिवेशन में राजस्थान एवं मध्य प्रदेश के प्रमुख आदिवासी जननायक विशेष रूप से उपस्थित रहे, जिनमें भारत आदिवासी पार्टी के संस्थापक कांति भाई रोत, सैलाना विधायक कमलेश्वर डोडियार सहित भील समाज के अनेक वरिष्ठ नेता शामिल हुए।
भारत आदिवासी पार्टी, रतलाम के जिला अध्यक्ष चंदू मईडा के नेतृत्व में जिलेभर से हजारों कार्यकर्ता, पदाधिकारी एवं समाजजन अधिवेशन में शामिल हुए।
अब पंचायत चुनाव भी:-
आगामी त्रि-स्तरीय पंचायती राज चुनावों को लेकर पार्टी की तैयारियों की शुरुआत भी इसी अधिवेशन से हो चुकी है, जिससे आयोजन को और अधिक ऐतिहासिक स्वरूप प्राप्त हुआ।
पार्टी पदाधिकारियों के अनुसार यह अधिवेशन केवल एक संगठनात्मक बैठक नहीं, बल्कि आदिवासी समाज के अधिकारों, स्वशासन और सम्मान की लड़ाई को मजबूती देने वाला एक ऐतिहासिक मंच सिद्ध हुआ है। इससे मध्य प्रदेश में भारत आदिवासी पार्टी के विस्तार और जनसमर्थन को नई ऊर्जा मिलने की पूरी संभावना है।
इस अवसर पर पार्टी के राष्ट्रीय एवं प्रांतीय पदाधिकारी भी उपस्थित रहे।
ये रहे उपस्थित :-
राष्ट्रीय उपाध्यक्ष पीतम उइके, प्रतापगढ़ विधायक प्रत्याशी मांगीलाल निनामा, प्रदेश अध्यक्ष केशूराम निनामा, कादिर भाई, पवन मीणा, इंजीनियर बालू सिंह (महासचिव), कविता दीदी भागोरा, अंकिता परस्ते दीदी, संगीता दीदी, रतलाम शहर अध्यक्ष कटारा छगन मीणा, प्रभारी महावीर निनामा, ध्यानवीर डामोर, तुलसीराम डिंडोर, समरथ चारेल, मयूर मौर्य, दीपका मईडा, दिनेश माल, कालू बरोड़, सुनील निनामा, सुरेंद्र निनामा, छोटू भावर, राजेंद्र गामड़, प्रकाश मईडा, सुरेंद्र डिंडोर, संजय मईडा ईश्वर चरपोटा, हिन्दूसिंह मचार , विनीत भावर सहित अनेक प्रमुख नेता एवं समाजसेवी शामिल रहे।